आगाज़ न्यूज/रायगढ़। रायगढ़ के मेडिकल कॉलेज अस्पताल के सामने अवैध गुमटी और ठेलों ने मुख्य सड़क को इतना संकरा कर दिया है कि मरीजों की जान बचाने वाली एंबुलेंस तक को निकलने में मशक्कत करनी पड़ रही है। टीवी टावर रोड से लेकर पेट्रोल पंप तक दोनों ओर सरकारी जमीनों पर अतिक्रमण कर सड़क के मुहाने तक दुकानें और भवन बना दिए गए हैं।
मेडिकल कॉलेज अस्पताल और 100 बिस्तर मातृ-शिशु अस्पताल तक जाने वाली यह सड़क शहर की सबसे अहम सड़कों में से एक है। रोजाना सैकड़ों मरीज, डॉक्टर और स्टाफ इसी रास्ते से गुजरते हैं। लेकिन अवैध ठेले-गुमटियों के कारण सड़क की चौड़ाई आधी रह गई है। आपात स्थिति में एंबुलेंस फंस जाती है और ट्रैफिक जाम लगता है।
मेडिकल कॉलेज रोड के चौड़ीकरण का प्रोजेक्ट पहले से घोषित है। पीडब्ल्यूडी की मांग पर पटवारी ने सर्वे भी कर लिया है और फोरलेन बनाने के लिए सर्वे हो चुका है। इसके बावजूद अवैध कब्जे रुकने का नाम नहीं ले रहे। तहसीलदार ने पुराने जांच प्रतिवेदन के आधार पर कुछ लोगों को बेदखली का नोटिस भी दिया है, लेकिन मौके पर धड़ाधड़ निर्माण जारी है।
मेडिकल कॉलेज रोड पर अवैध निर्माण के साथ अवैध खनन का भी गढ़ बन गया है। नवापाली के पास रोड किनारे की जमीन पर जेसीबी लगाकर मिट्टी-मुरुम का खनन जारी है। ट्रैक्टर बेहद तेजी से आना-जाना करते हैं, जिससे दुर्घटना का खतरा बना रहता है।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि यातायात विभाग और नगर निगम दोनों आंख मूंदे बैठे हैं। कब्जाधारियों को लगता है कि अवैध कब्जे टूटे तो भी प्रशासन उनको बदले में मकान या जमीन देगा, इसलिए बेखौफ कब्जे हो रहे हैं। वहीं खनिज विभाग भी अवैध मुरुम परिवहन पर मौन है, रोज कई ट्रिप अवैध परिवहन हो रहा है।
ठेले-गुमटियों को हटाकर वेंडिंग जोन में शिफ्ट किया जाए
टीवी टावर रोड में आगे जाकर दोनों ओर सरकारी जमीनों पर अतिक्रमण शुरू हो जाता है। नियमानुसार सड़क किनारे की सरकारी जमीन पर कोई भी स्थायी या अस्थायी निर्माण अवैध है।
स्थानीय नागरिकों और मरीजों के परिजनों ने कलेक्टर व नगर निगम आयुक्त से मांग की है कि मेडिकल कॉलेज रोड को अतिक्रमण मुक्त कर तुरंत चौड़ीकरण शुरू किया जाए, ताकि आपातकालीन सेवाएं बाधित न हों। साथ ही अवैध ठेले-गुमटियों को हटाकर वेंडिंग जोन में शिफ्ट किया जाए।


