रायगढ़।
छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री पंचायत सशक्तिकरण योजना (MMPSY) में लगभग 400 से अधिक कर्मचारी कार्यरत है जिसमें संकाय सदस्य , लेखपाल, कंप्यूटर ऑपरेटर, भृत्य आदि।
वर्ष 2024-25 में सभी विभागों को 27 प्रतिशत वेतनवृद्धि जारी किया गया था परंतु पंचायत विभाग में मुख्यमंत्री पंचायत सशक्तिकरण योजना (MMPSY) के कर्मचारियों के वेतन में वेतनवृद्धि नहीं किया गया था जिसमें पंचायत मंत्री श्री विजय शर्मा के हस्तक्षेप के बाद ही बड़ी मुश्किल से 27 प्रतिशत वेतनवृद्धि हुआ था। परंतु आज 1वर्ष बाद 2025-26 में संकाय सदस्य , लेखपाल, कंप्यूटर ऑपरेटर, भृत्य कर्मचारियों के वेतनवृद्धि न कर वेतन में 27 प्रतिशत वेतन कटौति किया गया है जिसके कारण कर्मचारियों में आक्रोश व्यापत् है। जबकि दिनों दिन महंगाई बढती जा रही है। एवं हम संविदा कर्मचारियों की ये दुबारा पंचायत संचालनाय वित्त विभाग द्वारा वेतन कटौति की गई है । तथा जुलाई 2025 में हमारा पुनरीक्षित वेतन वृद्धि होना था जो हुआ नही है।
अलग से हम छोटे कर्मचारियों को विगत 06 माह से वेतन नही मिला है जिसके कारण आर्थिक तंगी का सामाना करना पड़ रहा है । मार्च समाप्ति के बाद शासन के लापरवाही के कारण समय पर वेतन नहीं मिलता।
मुख्यमंत्री, मुख्य सचिव, प्रमुख सचिव, पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग, संचालक पंचायत आदि को ज्ञापन दिया जा चुका है । फिर भी कोई कार्यवाही नहो हो रही है।
उच्च अधिकारियों द्वारा काम का इतना दवाब रहता है की समय पर सभी कार्य पूरा करना होता है एवं करते है। लेकिन हम संविदा कर्मचारियों को वेतन के बारे मे कोई सुध लेने वाला नहीं।
यहाँ तक की हम कर्मचारियों की EPF कटौति भी नही की जा रही है। जिसके कारण आर्थिक नुकसान हो रहा है।
शासन प्रशासन से अवगत कराते हैं बढे दर पर वेतन भुगतान हेतु आबंटन राशि जारी किया जावे।


